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'12 मार्च तक 10 लाख रुपये जमा कर दें धोनी', मानहानि केस में 'कैप्टन कूल' को हाई कोर्ट का आदेश

Edited By: Vineet Kumar Singh @VickyOnX Published : Feb 12, 2026 06:07 pm IST, Updated : Feb 12, 2026 06:07 pm IST

MS Dhoni defamation case: मद्रास हाईकोर्ट ने महेंद्र सिंह धोनी को मानहानि केस में 10 लाख रुपये जमा करने का आदेश दिया है। यह राशि सीडी कंटेंट के ट्रांसक्रिप्शन और अनुवाद खर्च के लिए है और इसे 12 मार्च 2026 तक जमा करना होगा। मामला 2013 IPL सट्टेबाजी विवाद से जुड़ा है, जिसमें धोनी ने 100 करोड़ रुपये का दावा किया है।

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Image Source : PTI भारतीय क्रिकेट टीम के पूर्व कप्तान महेंद्र सिंह धोनी।

MS Dhoni Defamation Case | मद्रास हाईकोर्ट ने क्रिकेटर महेंद्र सिंह धोनी को मानहानि के एक अहम मुकदमे में 10 लाख रुपये का भुगतान करने का आदेश दिया है। धोनी को ये पैसे केस से जुड़े सीडी के कंटेंट के ट्रांसक्रिप्शन और ट्रांसलेशन के खर्च के लिए है। धोनी ने रिटायर्ड IPS अधिकारी जी. संपत कुमार के खिलाफ 100 करोड़ रुपये के मुआवजे की मानहानि मुकदमा दायर किया है। आरोप है कि संपत कुमार ने उन्हें 2013 के IPL सट्टेबाजी घोटाले से जोड़ा था। जस्टिस आर.एन. मंजुला ने 11 फरवरी को इस मुकदमे पर अंतरिम आदेश देते हुए 'कैप्टन कूल' को यह निर्देश दिया।

कोर्ट ने अपने पहले के आदेश में क्या कहा था?

कोर्ट के पहले के 28 अक्टूबर 2025 के आदेश के मुताबिक, कोर्ट के इंटरप्रेटर ने सीडी के कंटेंट को ट्रांसक्राइब करने और अनुवाद करने का काम शुरू कर दिया है, लेकिन यह काम बहुत बड़ा और समय लेने वाला है। जज ने अपने आदेश में कहा कि यह काम इतना विशाल है कि एक इंटरप्रेटर और एक टाइपिस्ट को लगभग 3 से 4 महीने तक पूरी तरह से इसमें लगा रहना पड़ेगा। अतिरिक्त खर्च और समय को देखते हुए कोर्ट ने ट्रांसक्रिप्शन और ट्रांसलेशन का कुल खर्च 10 लाख रुपये तय किया है। यह राशि मुकदमे के वादी यानी धोनी को ही चुकानी होगी।

12 मार्च 2026 तक धोनी को जमा करने होंगे पैसे

जस्टिस मंजुला ने स्पष्ट किया कि सामान्य परिस्थितियों में वादी यानी कि धोनी को खुद ही यह काम करवाकर दस्तावेज जमा करने होते हैं, लेकिन इस केस में विशेष परिस्थितियों के कारण कोर्ट के आधिकारिक इंटरप्रेटर को लगाना पड़ा है। उन्होंने कहा कि इसलिए यह खर्च भी वादी को ही वहन करना होगा। कोर्ट ने इंटरप्रेटर को निर्देश दिया है कि वे मार्च 2026 के तीसरे सप्ताह तक सीडी के सारे कंटेंट का ट्रांसक्रिप्शन और अनुवाद पूरा कर लें। धोनी को यह 10 लाख रुपये 12 मार्च 2026 तक मद्रास हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रिलीफ फंड के खाते में जमा कराने होंगे। केस की अगली सुनवाई भी 12 मार्च 2026 को होगी।

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